Jammu and Kashmir: जम्मू-कश्मीर उधमपुर जिले के मजालता के ब्रतल क्षेत्र में सुरक्षाबलों ने जैश-ए-मोहम्मद के दो पाकिस्तानी आतंकियों को मार गिराया था। अभी भी कुछ आतंकियों के जंगल में छिपे होने की आशंका है। उनकी तलाश में सुरक्षाबल बड़े पैमाने पर जंगल से लेकर पहाड़ तक तलाशी अभियान चल रहे हैं।
बताया जा रहा है कि मारे गए दोनों आतंकी आठ सदस्यों वाले समूह का हिस्सा हैं। जानकारी के अनुसार घेराबंदी के दौरान तीन आतंकियों ने गोलीबारी कर सुरक्षाबल को उलझाए रखा था। इसकी आड़ में अन्य आतंकी रात के अंधेरे और दुर्गम जंगल का फायदा उठाकर निकल गए, जबकि तीन में से सद्दाम और मुस्तफा मारे गए। तीसरा आतंकी घायल हुआ है। इलाके में खून से सने पैर के निशान मिले हैं।
दफनाए गए मारे गई आतंकी
मारे गए दोनों पाकिस्तानी आतंकियों सद्दाम और मुस्तफा को कानूनी औपचारिकताएं पूरी करने के बाद देर रात दफनाया गया।
हिरासत में लिए गए संदिग्ध से पूछताछ
बता दें कि हिरासत में लिए गए संदिग्ध ओवर ग्राउंड वर्कर (ओजीडब्ल्यू) से पुलिस के साथ सुरक्षा और खुफिया एजेसियां पूछताछ कर रही हैं। उसके संपर्कों को खंगालकर यह पता लगाया जा रहा है कि उसका आतंकियों से कोई संबंध था या नहीं और उसने उन्हें किसी प्रकार की मदद उपलब्ध कराई थी या नहीं।
सेना, पुलिस और एजेंसियां ओवर ग्राउंड वर्कर से पूछताछ कर रही है। पुलिस अधिकारी के अनुसार, संदिग्ध से विभिन्न पहलुओं पर पूछताछ की जा रही है। उसके संपर्कों की जांच भी जारी है।
घेराबंदी के दौरान आतंकियों ने शुरु की थी गोलीबारी
बता दें कि घेराबंदी के दौरान आतंकियों की ओर से गोलीबारी शुरु होने पर मुठभेड शुरू हो गई। रात और दुर्गम इलाके के बावजूद सुरक्षाबल ने घेराबंदी बनाए रखी। 17 सितंबर को दो आतंकियों के शव बरामद हुए। हथियार और गोला-बारूद भी बरामद किया गया। अन्य आतंकियों की तलाश में सुरक्षाबल लगातार तलाशी अभियान चला रही है।